Mera Bachpan
दो शब्द
मेरा बचपन पत्रिका बच्चों के लिए प्रकाशित की जाने वाली एक बहुत ही सुंदर पत्रिका है। यह बच्चों की अनगढ़ रचनाओं को एक मंच प्रदान करने का माध्यम है। इस पत्रिका के द्वारा हम बच्चों की रचनाओं को चाहे वो कविता हो, कहानी हो, संस्मरण हो, चित्र हो उन्हें अभिव्यक्ति का अवसर प्रदान करते हैं ताकि वे अपने मन की बात को खुल कर कह सकें। बच्चों के साथ साथ हम बड़े गणमान्य कवियों एवं नवीन रचनाकारों की रचनाओं को भी स्थान देते हैं। यदि आप अपनी कोई भी रचना हमारे इस पत्रिका में देना चाहते हैं तो आपका स्वागत है। आप अपनी रचना को हमारे email id : [email protected] पर भेज सकते हैं।
"फूलों को खिलते देखा है?
चिड़ियों का चहचहाना सुना है?
फिर खुद को क्यों बंद किए हो?
स्वयं को भी बाहर आने दो
तुम्हारे अंदर जो छुपा है
उससे संसार को जगमगाने दो।।"
--- निरंजन कुमार
(सम्पादक, मेरा बचपन)

